कोरोनाः नौसेना के युद्धपोत बड़ी मात्रा में ऑक्सीजन और चिकित्सकीय सामग्री लेकर भारत पहुंचे

देश में कोरोना संक्रमण से मचे हाहाकार के बीच भारतीय सैनिक शिद्दत के साथ अपने फर्ज को अंजाम देने में लगे हैं। भारतीय सेना के कई युद्धपोत विदेशों से मिलने वाली सहायता को देश के कोने-कोने तक पहुंचाने के साथ ही कोरोना संक्रमितों के इलाज में लगे हैं।
भारतीय सेना के तीनों अंग देश के प्रति अपनी कर्तव्यनिष्ठा निभाते हुए लोगों तक सहायता पहुंचा रहे हैं। इतना ही नहीं भारतीय सेना की चिकित्सा टीम सिविल सेवा के साथ मिलकर लोगों की जान बचाने में लगी है।
इस बीच नौसेना के तीन युद्धपोत 80 टन तरल ऑक्सीजन लेकर स्वदेश पहुंच रहे हैं। इसमें 20 क्रायोजेनक ऑक्सीजन टैंक, 3150 सिलेंडर और भारी मात्रा में अन्य चिकित्सकीय सामग्री लेकर सोमवार को भारत पहुंचे।
भारतीय नौसेना के प्रवक्ता कमांडर विवेक माधवान- युद्धपोतों द्वारा लाई जा रही चिकित्सकीय सामग्री में ऑक्सीजन से भरे हुए 900 सिलेंडर, 10 हजार रैपिड एंटीजन जांच किट, 54 ऑक्सीजन सांद्रक और 450 पीपीई किट समेत अन्य आवश्यक सामग्री शामिल है।
नौसेना का युद्धपोत एरावत सिंगापुर से 20 मीट्रिक टन क्षमता वाले आठ क्रायोजेनिक ऑक्सीजन टैंक समेत अन्य आवश्यक चिकित्सकीय सामग्री लेकर विशाखापत्तनम आ रहा है।
माधवाल ने बताया कि अन्य युद्धपोत आईएनएस कोलकाता कतर और कुवैत से 40 मीट्रिक टन तरल ऑक्सीजन, 400 ऑक्सीजन सिलेंडर और 47 ऑक्सीजन सांद्रक लेकर न्यू मैंगलोर बंदरगाह पहुंच रहा है।
इसके अलावा आईएनएस त्रिखंड कतर से 40 टन ऑक्सीजन लेकर मुंबई पहुंच रहा है। गौरतलब है कि अमेरिका, रूस, फ्रांस, जर्मनी, ऑस्ट्रेलिया, आयरलैंड, बेल्जियम, रोमानिया, लक्समबर्ग, सिंगापुर, पुर्तगाल, स्वीडन, न्यूजीलैंड, कुवैत और मॉरीशस ने भारत को चिकित्सकीय मदद उपलब्ध कराई है।