वित्तमंत्री का पलटवार, कहा- अच्छा होता राहुल गांधी ‘दामाद’ की जमीन वापस करने की बात करते

सीतारमण ने कांग्रेस का नाम लिये बिना कहा, ‘हमारे मित्र (क्रोनीज) दामाद नहीं हैं। ऐसे लोग उस पार्टी की आड़ में छिपे हैं जिसे जनता ने अस्वीकार कर दिया है, ‘उन्होंने कहा कि यह गरीबों, किसानों का बजट है…
लोकसभा में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के कृषि कानूनों और किसान आंदोलन पर दिए बयान के बाद भाजपा भी उनपर हमलावर हो गई है। शनिवार को लोकसभा में बजट पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा, कांग्रेस का चरित्र एक बार फिर सामने आया है। हर बार यही होता है, इस बार कांग्रेस ने चुनाव जीतने के लिए किसान कानून पर यू टर्न लिया है। तीन राज्यों में कांग्रेस सरकार को निशाने पर लेते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, कांग्रेस ने अपने चुनावी वादों में किसानों के कर्ज माफी की बात कही थी लेकिन किसान आज भी उसकी राह देख रहे हैं।
वित्त मंत्री ने कहा, राहुल गांधी से हमे उम्मीद थी की कांग्रेस नेता अपनी पंजाब सरकार से किसानों को राहत दिलाने का काम करेंगे। तीन कानून में कुछ कमी निकालेंगे, दिखाएंगे यह किसान विरोधी है। इसके साथ ही उन्होंने बड़ा बयान देते हुए कहा, राहुल गांधी हम दो हमारे दो में दामाद की जमीन वापस करने की बात करते तो अच्छा होगा, लेकिन उन्होंने ऐसा कुछ बोला नहीं।
दरअसल राहुल गांधी ने संसद में भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा था कि सरकार के चार मित्र ही सरकार चलाते हैं। हम दो हमारे दो स्लोगन के जरिए उन्होंने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा था कि सरकार का कृषि कानून पूंजीपतियों के लिए है। उनके आरोपों का जवाब देते हुए निर्मला सीतारमण ने कहा, देश के गरीब लोग और आम जनता सरकार के मित्र हैं और मोदी सरकार उन्हीं के लिए काम करती है।
वित्त मंत्री ने कहा,सरकार ने प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के तहत गरीबों, रेहड़ी-पटरी वाले विक्रेताओं को 10,000 रुपये की आर्थिक मदद एक साल के लिए दी जिसे एक वर्ष बाद लौटाने या चुका नहीं पाने की स्थिति में और समय लेने का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि देश के 50 लाख रेहड़ी-पटरी वालों ने इस योजना का लाभ उठाया।
सीतारमण ने कांग्रेस का नाम लिये बिना कहा, ‘हमारे मित्र (क्रोनीज) दामाद नहीं हैं। ऐसे लोग उस पार्टी की आड़ में छिपे हैं जिसे जनता ने अस्वीकार कर दिया है।’उन्होंने कहा कि यह गरीबों, किसानों का बजट है।
सीतारमण ने कहा, केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर झूठे आरोप लगाने के बजाय विपक्षी दलों को इन सभी योजनाओं का अध्ययन करके आना चाहिए।