मुजफ्फरनगरः भाजपा कार्यकर्ता और किसानों में भिड़ंत , तीन घायल

कृषि कानूनों को लेकर किसान आंदोलन का असर अब गांवों तक में पैर पसार रहा है। किसान कृषि कानूनों को वापस लेने पर अडिग हैं। किसानों के तेवर को देखते हुए भाजपा का शीर्ष नेतृत्व कृषि कानूनों के नाराज किसानों को मनाने के लिए गांवों में जाने और उन्हें समझाने की सलाह दी है। इस बीच यूपी के मुजफ्फरनगर जनपद के सोरम गांव में सोमवार को भाजपा कार्यकर्ता और किसान आपस में भिड़ गए। कहासुनी के बाद दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई जिसमें तीन लोग घायल हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार ,केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान सोमवार को मुजफ्फरनगर के गांव सोरम में एक रस्म तेरहवीं में पहुंचे थे। इस दौरान ग्रामीणों ने उनका विरोध कर दिया। विरोध के बाद ग्रामीणों और मंत्रीके समर्थकों में मारपीट हो गई।
इस घटना के बाद शाहपुर थाना क्षेत्र के गांव सोरम में चौपाल पर पंचायत शुरू हो गई। घटना की जानकारी होने पर रालोद जिलाध्यक्ष अजीत राठी, पूर्व मंत्री योगराज सिंह, पूर्व विधायक राजपाल बालियान समेत अन्य रालोद नेता भी पंचायत में पहुंच गए।
इस घटना पर रालोद के उपाध्यक्ष जयंत चौधरी ने ट्वीट कर भाजपा को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने लिखा, मुजफ्फरनगर के सोरम गांव में बीजेपी नेताओं और किसानों के बीच हुए संघर्ष में कई लोग घायल हो गए। किसान के पक्ष में बात नहीं होती तो कम से कम, व्यवहार तो अच्छा रखो। किसान की इज्जत तो करो। इन कानूनों के फायदे बताने जा रहे सरकार के नुमाइंदों की गुंडागर्दी बर्दाश्त करेंगे गांववाले?
इस प्रकरण को लेकर डॉक्टर संजीव बालियान ने कहा है कि, वह एक तेरहवीं में शिरकत करने गए थे। इसी दौरान कुछ युवक आकर नारेबाजी करने लगे। उनके इस व्यवहार के ग्रामीण गुस्से में आ गए और उन्होंने नारेबाजी कर रहे युवकों को खदेड़ दिया। उन्होने कहा, हंगामा करने वाले रालोद के समर्थक बताए जा रहे हैं।