कश्मीरः आईजीपी ने कहा- लवायपोरा मुठभेड़ में मारे गये तीनों युवक आतंकवाद में संलिप्त थे

पुलिस महानिरीक्षक कश्मीर विजय कुमार ने कहा है कि, पिछले महीने लवायपोरा में में मारे गये तीन युवक आतंकवाद में लिप्त थे और पुलिस ठोस सबूतों के साथ शीघ्र ही उनके अभिभावकों को इस बात का विश्वास दिला देगी। कुमार ने कहा, ‘‘उनकी संलिप्तता करीब 60 प्रतिशत साबित हो गयी है। हम और आंकड़े जुटा रहे हैं तथा उनके अभिभावकों को विश्वास दिला देंगे।
संवाददाताओं से बात करते हुए उन्होंने कहा, हमने जो मेटा डाटा एकत्र किया है उसके अनुसार मुठभेड़ में मारे गये तीनों आतंकवाद में शामिल थे। वे आतंकवादियों को जरूरी सहायता पहुंचा रहे थे। हमे कुछ और दिन चाहिए ताकि हम सबूत इकट्ठा कर पायें और जिसे सबसे पहले हम इन युवकों के अभिभावकों के सामने उनकी संलिप्तता पर विश्वास दिलाने के लिए रखेंगे।
तीनों के शव उनके परिवारों को सौंपे जाने की मांग के बारे में पूछे जाने पर कुमार ने कहा कि इसका सवाल नहीं पैदा होता है क्योंकि आतकवाद में उनकी संलिप्तता साबित हो चुकी है। उन्होंने कहा कि मारे गये आतंकवादियों के शव उनके परिवारों को कोविड-19 महामारी के चलते नहीं सौंपे जा रहे हैं क्योंकि अंतिम संस्कार में लोग एकत्र हो सकते हैं और नियमों का उल्लंघन कर सकते हैं।
जब कुमार से इस आरोप पर सवाल किया गया कि आमशीपुरा में राजौरी के तीन व्यक्तियों की कथित फर्जी मुठभेड़ पैसे के लालच से हुआ, तो उन्होंने जवाब दिया, ‘‘पुरस्कार राशि किसी अधिकारी को नहीं, बल्कि सूत्र को दी जाती है। इस मामले में उनके कंपनी कमांडर ने वादा किया था और सूत्र को पैसा दिया गया है।