किसान हमारे अन्नदाता, उनके हितों की अनदेखी नहीं की जा सकती हैः सीएम योगी

बरेली में किसान सम्मेलन को संबोधित करते उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
किसानों की जमीन कोई नहीं ले सकता
न्यूनतम समर्थन मूल्य पूर्व की भांति मिलता रहेगा
किसानों की आय दोगुनी करने पर सरकार प्रतिबद्ध
बरेली एयरपोर्ट जल्द होगा शुरू
नए कृषि कानून के देशव्यापी विरोध के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली में किसान सम्मेलन को संबोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा, सरकार किसानों के हितों की अनदेखी नहीं कर सकती। सरकार किसानों की आय दो गुनी करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य पूर्व की भांति मिलता रहेगा। किसान सम्मेलन के संबोधन से पहले सीएम योगी ने बरेली के लिए 981.62 करोड़ रुपए की 111 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने ‘बरेली विकास की और अग्रसर’ पत्रिका का भी विमोचन किया।

सीएम योगी ने आवास, विद्यालय, चिकित्सालय, एसटीपी से संबंधित 461.87 करोड़ रुपए की परियोनाओं का शिलान्यास किया। कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने बरेली जनपद में ऑपरेशन कायाकल्प एवं मिशन मुस्कान अन्तर्गत किए गए उल्लेखनीय कार्यों पर आधारित एक फिल्म भी प्रदर्शित की गयी।
सीएम योगी ने कहा, आज बरेली में लोकार्पित एवं शिलान्यास की गई विकास परियोजनाएं जनपद में व्यापक परिवर्तन का माध्यम और स्थानीय प्रगति का प्रतीक बनेंगी। उन्होंने बरेलीवासियों को बधाई देते हुए कहा कि शीघ्र ही बरेली का एयरपोर्ट शुरू कर दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा,प्रदेश सरकार ने किसानों के हित के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित कर लाभान्वित किया है। उन्होंने कहा कि किसान हमारे अन्नदाता हैं, उनके हितों के लिए केन्द्र और प्रदेश सरकार द्वारा निरन्तर कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा वर्तमान सरकार द्वारा सत्ता में आते ही प्रदेश के 86 लाख किसानों का लगभग 36,000 करोड़ रुपए का ऋण माफ किया गया। इससे पहले ये काम किसी अन्य सरकार द्वारा नहीं किया गया।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार ने सत्ता में आते ही क्रय केन्द्रों की स्थापना कर किसानों की उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद सुनिश्चित की। पहले साल में ही न्यूनतम समर्थन मूल्य पर 36 लाख मीट्रिक टन गेहूं एवं 40 लाख मीट्रिक टन धान का क्रय किया गया। अगले साल 56 लाख मीट्रिक टन गेहूं तथा 52 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गई।

मुख्यमंत्री जी ने कहा कि किसानों को उनकी उपज का अधिक से अधिक मूल्य प्राप्त हो, इसके लिए प्रतिस्पर्धात्मक प्रक्रिया की आवश्यकता है। नए कृषि कानूनों में इस व्यवस्था का प्राविधान है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अन्तर्गत किसानों को 6,000 रुपए प्रतिवर्ष प्रदान किए जा रहे हैं। इस योजना के अन्तर्गत अब तक 22,000 करोड़ रुपए की धनराशि उनके खातों में भेजी जा चुकी है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि किसानों की जमीन कोई नहीं ले सकता। किसान को उसकी उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य पूर्व की भांति मिलता रहेगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गन्ना किसानों का जितने गन्ना मूल्य का भुगतान वर्तमान सरकार में कराया गया है।, उतने गन्ना मूल्य का भुगतान इससे पूर्व कभी नहीं हुआ।

उन्होंने कहा, प्रदेश में गन्ना उत्पादन के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। प्रदेश में जितनी चीनी की आवश्यकता है, वह यहीं पैदा की जा रही है। इससे सम्बन्धित उद्योग लगाने के लिए विभिन्न प्रकार छूट दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि केन्द्र एवं प्रदेश सरकार गांव, गरीब, नौजवान, महिलाओं आदि के विकास के लिए प्राथमिकता पर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि विकास की प्रक्रिया को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।