सीएम योगी की विपक्ष को दो टूकः सदन का शिष्टाचार और आचरण सीखना होगा, सभी पीड़ा का इलाज कर दूंगा

सीएम योगी ने कहा, ‘शठे शाठ्यं समाचरेत’ का जमाना है। उन्होंने कहा, जो जिस भाषा में समझना चाहता है उसे उसी भाषा में समझाया जाएगा। उन्होंने कहा, सदन का शिष्टाचार और आचरण सीखना होगा। उन्होंने विपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए कहा, आप की सभी पीड़ा का इलाज कर दूंगा…
उत्तर प्रदेश विधान परिषद में राज्यपाल के अभिभाषण पर हुआ चर्चा का जवाब देते हुए सीएम योगी ने एक बार अपने अंदाज में विपक्ष पर जोरदार हमला बोला है। सीएम योगी ने कहा, ‘शठे शाठ्यं समाचरेत’ का जमाना है। उन्होंने कहा, जो जिस भाषा में समझना चाहता है उसे उसी भाषा में समझाया जाएगा। उन्होंने कहा, सदन का शिष्टाचार और आचरण सीखना होगा। उन्होंने विपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए कहा, आप की सभी पीड़ा का इलाज कर दूंगा।
अपने संबोधन के दौरान उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियों को सदन के पटल पर रखा। उन्होने कहा विपक्ष सरकार के काम काज को लेकर हमेशा आलोचना के मूड में रहता है। ठीक है आलोचना करना चाहिए लेकिन हर अच्छी योजनाओं को लेकर विरोध अच्छा नहीं होता। उन्होंने कहा, सरकार सभी वर्गों के साथ बिना भेद-भाव के काम कर रही है।
सीएम योगी ने राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान विपक्ष के हंगामा पर कहा, राष्ट्रपति अथवा राज्यपाल एक संवैधानिक पद होता है इसका सम्मान होना चाहिए। सपा की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने कहा, आप लोगों ने महिलाओं का अपमान करने का इतिहास रचा है। गेस्ट हाउस कांड कौन भुला सकता है। उन्होने कहा इस तरह की उद्ंडता से लोकतंत्र मजबूत नहीं होता है।
सीएम योगी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा, दिल्ली की एक पार्टी है उसका दायरा लगातार सिकुड़ता जा रहा है। इस दौरान उन्होंने कहा, 2022 में हम दोबारा आएंगे। लोकसभा चुनाव और उपचुनाव ने दिखा दिया है देश क्या चाहता है।
सीएम की इस बात पर सपा सदस्य ने कहा, उपचुनाव में आप गोरखपुर नहीं जीत पाए। हमने आपको वाराणसी में भी हराया। उनकी इस बात का जवाब देते हुए सीएम योगी ने कहा, हम हारकर जीतना जानते हैं। हम हारे थे फिर जीते, जो हारे हैं उसे फिर जीत जाएंगे आप इस बात की चिंता मत करिए।
इस पर उदयवीर ने कहा इस बार हारने की बारी आपकी है। उनकी बात पर सीएम योगी ने कहा, सपने देखने का हर किसी का अधिकार है, और आपके सपने देखने में कोई बुराई नहीं है।