सीएम योगी ने कहा, भगवान राम का वनवास खत्म, अयोध्या को फिर पुराना वैभव हासिल हुआ

0
56
अयोध्या विवाद पर शनिवार को आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का बड़ा बयान सामने आया है। सीएम योगी ने देश के सबसे पुराने मामले में फैसला देने के लिए सुप्रीम कोर्ट का धन्यवाद। उन्होंने कहा कि यह फैसला हमारी संप्रभुता और सौहार्द की मिसाल है। इस फैसले से एक भारत, श्रेष्ठ भारत का विशाल संदेश जाएगा। उन्होंने कहा कि मैंने हमेशा से अयोध्या की उपेक्षा होते देखी है, मानो भगवान राम के लिए कोई वनवास हो, अब अयोध्या को फिर से पुराना वैभव हासिल हुआ है। इसकी चमक पूरी दुनिया में बिखरने जा रही है।
सीएम योगी ने कहा माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय का स्वागत है, देश की एकता व सद्भाव बनाए रखने में सभी सहयोग करें, उत्तर प्रदेश में शांति, सुरक्षा और सद्भाव का वातावरण बनाए रखने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। उन्होंने मीडिया को धन्यवाद देते हुए कहा कि पूरे मीडिया ने जिस तरह से इस मामले को प्रस्तुत किया और नकारात्मकता को नकारते हुए जिस प्रकार से आगे बढ़ाया वह अभिनंदनीय है। उन्होंने कहा कि यह फैसला बहुत कुछ संदेश दे रहा है। एक भारत और श्रेष्ठ भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने, किसी परिवार या किसी वर्ग, समुदाय या धर्म से उठकर जो फैसला दिया और जिस प्रकार से इसे स्वीकार किया गया वह प्रशंसनीय है।
जानिए अयोध्या पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर किसने क्या कहा…
आडवाणी ने किया फैसले का स्वागत
पूर्व गृहमंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि अब अयोध्या में राम मंदिर बनने जा रहा है। उन्होंने मुस्लिम पक्ष को मस्जिद निर्माण के लिए 5 एकड़ जमीन देने के फैसले का भी स्वागत किया है। आडवाणी ने राम मंदिर आंदोलन का हिस्सा बनने के लिए भगवान का शुक्रिया भी अदा किया है और कहा कि आजादी के बाद यह देश का सबसे बड़ा आंदोलन था जिसका नतीजा आज सुप्रीम कोर्ट के फैसले से आया है।
गौरवशाली परंपरा बनाए रखना सबका दायित्वः लोकसभा स्पीकर
लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने ट्वीट कर अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट की ओर से दिए गए फैसले पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा, ‘माननीय सर्वोच्च न्यायालय का निर्णय देश की न्यायिक व्यवस्था के प्रति जन सामान्य में विश्वास और अधिक सुदृढ़ करेगा. इस निर्णय का सम्मान करते हुए सामाजिक सद्भाव की गौरवशाली भारतीय परम्परा को जीवंत बनाये रखना हम सबका दायित्व है।
शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद
हम विनम्रतापूर्वक एससी के फैसले को स्वीकार करते हैं, मैं भगवान का शुक्रगुजार हूं कि मुसलमानों ने और बड़े लोगों ने इस फैसले को स्वीकार किया है और विवाद अब समाप्त हो गया है। हालांकि इसकी उनकी (मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड) समीक्षा याचिका दायर करने का अधिकार है, मुझे लगता है कि मामला अभी समाप्त होना चाहिए।
पुनर्विचार याचिका दायर नहीं करेगाः सुन्नी वक्फ बोर्ड
उत्तर प्रदेश सुन्नी वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष जफर फारुकी ने कहा कि बोर्ड अयोध्या विवाद पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर पुनर्विचार याचिका दायर नहीं करेगा। बोर्ड की ओर से फैसले का स्वागत किया गया है और उन्होंने कहा कि हम पहले से कह चुके हैं कि सुप्रीम कोर्ट का जो भी फैसला आएगा उसे दिल से माना जाएगा। फारुकी ने कहा कि सभी को भाईचारे के साथ इस फैसले का सम्मान करना चाहिए। फारुकी से जब पूछा गया कि ओवैसी ने इस फैसले को चुनौती देने और मस्जिद के लिए 5 एकड़ जमीन न लेने की बात कही है तो उन्होंने कहा कि ओवैसी कौन हैं, मैं उनको नहीं जानता और न ही कभी उनसे मिला हूं।
सद्भाव बनाए रखना होगाः राहुल गांधी
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कहा कि कोर्ट ने अयोध्या मुद्दे पर अपना फैसला सुना दिया है। कोर्ट के इस फैसले का सम्मान करते हुए हम सब को आपसी सद्भाव बनाए रखना है। ये वक्त हम सभी भारतीयों के बीच बन्धुत्व, विश्वास और प्रेम का है।
फैसले पर तेजी से काम करे सरकारः वीएचपी
विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के कार्यकारी अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा कि हम सरकार से अनुरोध करते हैं कि वह फैसले पर तेजी से काम करे. उन्होंने कहा कि जब मंदिर का निर्माण शुरू होगा तो हम हिंदू सिद्धांतों को आगे बढ़ाएंगे। इंतजार खत्म हुआ और फैसला आ गया है। उन्होंने कहा कि किसी की हार नहीं हुई है। हर किसी को भारतीय समाज में शांति बनाए रखने की कोशिश करनी चाहिए।
हमें ‘खैरात’ नहीं चाहिएः असदुद्दीन ओवैसी
AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद कहा, ‘मैं वकीलों की टीम को धन्यवाद देता हूं। मैं मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की इस बात से सहमत हूं कि सुप्रीम कोर्ट सुप्रीम है, लेकिन वह अचूक नहीं है। मुस्लिम समाज ने अपने वैधानिक हक के लिए संघर्ष किया। हमें ‘खैरात’ की जरूरत नहीं है। ये मेरा निजी तौर पर मानना है कि हमें 5 एकड़ जमीन के ऑफर को वापस लौटा दिया जाना चाहिए।
हम फैसले का स्वागत करते हैंः मोहन भागवत
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की ओर से देश की जनभावना और आस्था को न्याय देने वाले फैसले का संघ स्वागत करता है। उन्होंने कहा कि इस लंबी प्रक्रिया में राम जन्मभूमि से संबंधित सभी पक्षों को धैर्य से सुना गया है। सभी पक्षों के वकीलों का हम अभिनंदन करते हैं और बलिदानियों को प्रति कृतज्ञता प्रकट करते हैं। जय और पराजय की दृष्टि से इस फैसले को नहीं देखना चाहिए।
निर्णय सहजता से स्वीकार करेंः अमित शाह
भाजपा अध्यक्ष और गृह मंत्री अमित शाह ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद एक के बाद एक 4 ट्वीट कर कहा कि वो सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करते हैं और लोगों से अपील भी की कि लोग निर्णय को सहजता से स्वीकारें। उन्होंने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि पर सर्वसम्मति से आये सर्वोच्च न्यायालय के फैसले का मैं स्वागत करता हूं। मैं सभी समुदायों और धर्म के लोगों से अपील करता हूं कि हम इस निर्णय को सहजता से स्वीकारते हुए शांति और सौहार्द से परिपूर्ण ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के अपने संकल्प के प्रति कटिबद्ध रहें।
पुनर्विचार याचिका पर हम फैसला करेंगेः जिलानी
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद मुस्लिम पक्ष के वकील जफरयाब जिलानी ने कहा कि हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करते हैं। जिलानी ने कहा कि फैसले के बाद शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखें। यह किसी की जीत या हार नहीं है। हम आगे की कार्रवाई पर फैसला लेंगे। हालांकि फैसला हमारी उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा। उन्होंने आगे कहा कि ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का कार्यकारी बोर्ड की बैठक के बाद फैसला लिया जाएगा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद इस पर पुनर्विचार याचिका दाखिल की जाए या नहीं।
एससी के फैसले का स्वागतः इकबाल अंसारी
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद मुस्मिल पक्ष के पैरोकार इकबाल अंसारी ने कहा कि कोर्ट ने जो कुछ कहा, ठीक कहा। हम पहले से ही कहते रहे हैं कि कोर्ट जो भी फैसला करेगी उसे स्वीकार करेंगे। अब सरकार को तय करना है कि वह हमें जमीन कहां पर देती है। उन्होने कहा कि राम मंदिर के साथ ही अयोध्या में एक शानदार मस्जिद का बी निर्माण किया जाएगा
loading...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here